देहरादून में स्कूटर की टक्कर के बाद हैवानियत, युवक को बंधक बनाकर दी अमानवीय यातनाएं

देहरादून में स्कूटर की टक्कर के बाद हैवानियत, युवक को बंधक बनाकर दी अमानवीय यातनाएं

देहरादून। राजधानी देहरादून में एक मामूली सड़क दुर्घटना के बाद कथित तौर पर हुई बर्बरता का मामला सामने आया है। पीड़ित युवक ने आरोप लगाया है कि स्कूटर की टक्कर के बाद दो युवकों ने उसे बंधक बनाकर घंटों तक प्रताड़ित किया। मामले में पुलिस ने दो आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उनकी तलाश शुरू कर दी है।

पटेलनगर कोतवाली क्षेत्र के अंतर्गत कैनाल रोड, जाखन निवासी आजाद सिंह रावत ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि वह एक स्थानीय केबल नेटवर्क कंपनी में कार्यरत हैं। उनके अनुसार शुक्रवार रात करीब आठ बजे काम से लौटते समय लालपुल के पास एक तेज रफ्तार स्कूटर ने उन्हें टक्कर मार दी। हादसे में स्कूटर चालक अंकुर वाल्मीकि और आजाद दोनों सड़क पर गिर पड़े।

पीड़ित का आरोप है कि दुर्घटना के बाद माफी मांगने या मदद करने के बजाय स्कूटर चालक अंकुर और उसके साथी साहिल ने उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। विरोध करने पर दोनों ने कथित तौर पर उन्हें जबरन अपने कब्जे में लेकर निरंजनपुर फल मंडी स्थित एक दुकान में पहुंचाया।

शिकायत के मुताबिक वहां पीड़ित के साथ गंभीर शारीरिक प्रताड़ना की गई। आजाद का आरोप है कि उन्हें बिजली के झटके दिए गए, गर्म लोहे की रॉड से दागा गया और गंभीर रूप से घायल किया गया। उनका कहना है कि रात करीब तीन बजे आरोपियों की नजर बचाकर वह किसी तरह वहां से भाग निकले और परिजनों को सूचना दी। इसके बाद परिजन उन्हें उपचार के लिए दून अस्पताल ले गए, जहां उनका इलाज जारी है।

पटेलनगर के इंस्पेक्टर विनोद गुसाईं ने बताया कि पीड़ित की शिकायत के आधार पर अंकुर वाल्मीकि और साहिल के खिलाफ संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है। साथ ही निरंजनपुर मंडी स्थित दुकान और आसपास के लोगों से पूछताछ कर आरोपों की जांच की जा रही है।

घटना के बाद शहर में कानून-व्यवस्था को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि लालपुल से लेकर निरंजनपुर मंडी तक पुलिस की मौजूदगी के बावजूद इतनी गंभीर वारदात होना चिंता का विषय है। वहीं संयुक्त नागरिक संगठन के महासचिव सुशील त्यागी ने कहा कि देहरादून लंबे समय से शांत शहर के रूप में जाना जाता रहा है, लेकिन लगातार बढ़ती आपराधिक घटनाएं इसकी पहचान पर असर डाल रही हैं।

उधर, एसएसपी प्रमेंद्र सिंह डोबाल ने कहा कि मामले की गंभीरता से जांच कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और अपराधियों के प्रति किसी प्रकार की नरमी नहीं बरती जाएगी।